
यूपी – गाजियाबाद। श्री रामलीला समिति राजनगर की ओर से आयोजित श्री रामलीला महोत्सव में गुरु विश्वामित्र के आदेश पर ताड़का वध, अहिल्या उद्धार और गंगा लीला का मंचन किया गया। कलाकारों की प्रस्तुति ने दर्शकों को रामायण के प्रसंगों से परिचित कराया।
कथा के अनुसार, गुरु वशिष्ठ के आश्रम में शिक्षा प्राप्त करने के बाद चारों राजकुमार अयोध्या लौटते हैं। इसके बाद गुरु विश्वामित्र राजा दशरथ से राम और लक्ष्मण को यज्ञ की रक्षा के लिए साथ ले जाने का आग्रह करते हैं। पहले दशरथ संकोच करते हैं, लेकिन बाद में दोनों राजकुमारों को भेजने की अनुमति दे देते हैं। गुरु के साथ वन पहुंचे राम और लक्ष्मण यज्ञ में बाधा डालने वाले राक्षसों का सामना करते हैं और ताड़का का वध कर यज्ञ की रक्षा करते हैं।

वन मार्ग में प्रभु राम के चरणों का स्पर्श पाकर पाषाण बनी अहिल्या का उद्धार होता है। इसके बाद गंगा लीला का मंचन भी किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि आईएएस संतोष यादव को पटका पहनाकर और स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर समिति के संस्थापक सदस्य एवं संरक्षक जितेंद्र यादव (पूर्व विधायक), अध्यक्ष जय कुमार गुप्ता, महामंत्री दीपक मित्तल, कोषाध्यक्ष आरके शर्मा, आरएन पांडेय, राजीव मोहन, विनीत शर्मा, एसएन अग्रवाल, अमरीश त्यागी, राजीव त्यागी, पार्षद प्रवीण चौधरी, सुभाष शर्मा, मुकेश मित्तल, विनोद गोयल, राजीव गुप्ता, महावीर बंसल, राधेश्याम सिंघल, बृजमोहन सिंघल, केपी गुप्ता, रेखा अग्रवाल, सौरभ गर्ग, जीपी अग्रवाल, मोतीलाल गर्ग, सुंदर लाल यादव, मदन लाल हरित, अनिल कुमार (क्वालिटी स्टील), डॉ. आरके मित्तल, आलोक मित्तल, मनीष वशिष्ठ, आकाश वशिष्ठ, मुकेश शर्मा, श्रीचंद चौहान, वीरेंद्र सारस्वत, गोल्डी सहगल, ओमप्रकाश भोला, विजय लुम्बा, संजीव गुप्ता, राजीव गुप्ता, डॉ. आरके पोद्दार, डॉ. मधु पोद्दार, भूपेंद्र चित्तौड़िया, जय सिंह, महेश मित्तल, आदित्य कौशिक, आयुष मित्तल, मनोज सिंह, जुगनू ठाकुर और गुरविंदर सहित राजनगर के अनेक गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

