Screenshot_20221103-203604_YouTube
IMG-20230215-WA0382
a12
IMG-20230329-WA0101
IMG-20260412-WA0007.jpg
IMG-20260416-WA0145(1)
Screenshot_20260422_114920_OneDrive
IMG-20260424-WA0041
PlayPause
previous arrow
next arrow

हस्तिनापुर साहित्य उत्सव में ‘नदी चुप है’ का लोकार्पण, चेतन आनंद ‘जयत्री सम्मान’ से सम्मानित

Share on facebook
Share on whatsapp
Share on twitter
Share on google
Share on linkedin

यूपी – गाजियाबाद। बहसूमा रियासत के राजकुंवर स्वर्गीय जयकरण सिंह और राजमाता अत्रि देवी की स्मृति में आयोजित प्रथम हस्तिनापुर साहित्य उत्सव में प्रसिद्ध कवि चेतन आनंद के नवीनतम ग़ज़ल संग्रह ‘नदी चुप है’ का भव्य लोकार्पण किया गया। इस अवसर पर बिहार व केरल के पूर्व राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान, योगगुरु स्वामी कर्मवीर महाराज, श्री वेंकटेश्वरा विश्वविद्यालय के प्रतिकुलाधिपति डॉ. राजीव त्यागी, विधायक नंद किशोर गुर्जर तथा शिक्षाविद डॉ. यतीन्द्र कटारिया ने संयुक्त रूप से पुस्तक का विमोचन किया।

कार्यक्रम में चेतन आनंद को बहसूमा रियासत के प्रतिष्ठित ‘जयत्री सम्मान’ से भी सम्मानित किया गया। देर रात आयोजित अखिल भारतीय कवि सम्मेलन में उनके काव्य पाठ को खूब सराहा गया। उनकी पंक्तियां— “बड़ी ताजा हवाएं हैं हमेशा साथ में रखना…”—श्रोताओं के बीच विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं।

इस अवसर पर पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं विधान परिषद सदस्य वीरेंद्र सिंह, पूर्व विधायक प्रशांत गुर्जर, सतवीर त्यागी, योगेश वर्मा, मुरादाबाद सांसद रुचि वीरा, शिक्षाविद योगेश मोहन गुप्ता, रामपुर रजा लाइब्रेरी के निदेशक डॉ. पुष्कर मिश्रा, वरिष्ठ आईएएस पवन कुमार, लेखिका वैदेही तामण, संस्कार भारती के महामंत्री इंद्रपाल शर्मा और रंगकर्मी प्रमोद शर्मा सहित कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।

बताया गया कि ‘नदी चुप है’ में 100 से अधिक ग़ज़लें शामिल हैं। चेतन आनंद के अब तक चार काव्य संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं और वे देशभर में कवि सम्मेलनों के लोकप्रिय रचनाकार हैं।