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निगम के रैन बसेरों में निराश्रितों को घर जैसी सुविधा

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बढ़ती ठंड को देखते हुए 700 से अधिक लोगों के लिए की गई व्यवस्था

यूपी – गाजियाबाद, बढ़ती सर्दी को देखते हुए गाजियाबाद नगर निगम ने निराश्रितों के लिए विशेष व्यवस्था की है। नगर आयुक्त विक्रमादित्य सिंह मलिक के निर्देश पर शहर में 22 रैन बसेरों को व्यवस्थित कर संचालित किया जा रहा है, जहां बेघर लोगों को रात गुजारने के लिए सुरक्षित और आरामदायक सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। निगम ने रैन बसेरों में साफ-सफाई, उचित प्रकाश व्यवस्था, पेयजल, गर्म बिस्तर, स्नानघर, शौचालय और एलईडी की व्यवस्था सुनिश्चित की है। सुरक्षा के लिए गार्ड भी तैनात किए गए हैं, जिससे निराश्रितों को आश्रय स्थलों में घर जैसा माहौल मिल रहा है।

नगर निगम द्वारा 15 स्थायी रैन बसेरे संचालित किए जा रहे हैं, जिनमें नसीरपुर फाटक, नया गाजियाबाद रेलवे स्टेशन, कौशांबी कम्युनिटी सेंटर, डीएलएफ कॉलोनी मोहन नगर, लाजपत नगर, मालीवाड़ा चौक, लाल क्वार्टर लोहिया नगर, पुराना बस स्टैंड, प्रताप विहार, नया बस अड्डा, अर्थला, घुकना रेत मंडी, इंदिरापुरम मकनपुर, सुदामा पुरी और सेक्टर 23 संजय नगर शामिल हैं। इसके अलावा 7 अस्थायी रैन बसेरों की भी व्यवस्था की गई है, जिनमें पैसिफिक मॉल कौशांबी, मोहन नगर चौराहा, साहिबाबाद रेलवे स्टेशन रोड, कविनगर फ्लाईओवर के नीचे सहित कई स्थानों पर आश्रय स्थल बनाए गए हैं। कुछ स्थानों पर अस्थायी रैन बसेरों का कार्य अभी प्रगति पर है।

नगर आयुक्त के अनुसार, इस बार भी ठंड से पहले सभी आश्रय स्थलों का मरम्मत कार्य पूरा कर रंगाई-पुताई कराई गई है। मनोरंजन के लिए एलईडी, गर्माहट के लिए हीटर और भोजन बनाने हेतु गैस सिलेंडर एवं बर्तनों की व्यवस्था की गई है। जोनल प्रभारी रात में शहर का निरीक्षण कर खुले में सो रहे लोगों को रैन बसेरों तक पहुंचा रहे हैं।

अब तक लगभग 700 से अधिक निराश्रितों के ठहरने की व्यवस्था की जा चुकी है, और आवश्यकता के अनुसार अस्थायी रैन बसेरों की क्षमता भी बढ़ाई जाएगी। नगर निगम ने सभी संबंधित अधिकारियों को रात्रिकालीन मॉनिटरिंग के निर्देश दिए हैं, ताकि किसी भी जरूरतमंद को ठंड में रात बिताने से बचाया जा सके।