
यूपी – गाजियाबाद। समाजवादी पार्टी के महानगर अध्यक्ष वीरेन्द्र यादव एडवोकेट ने एक पोस्टर में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव की तस्वीर के साथ की गई कथित अभद्र, अलोकतांत्रिक और जातिवादी टिप्पणी की घोर निंदा की है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह कृत्य सत्तारूढ़ भारतीय जनता पार्टी के इशारे पर किया गया है और पार्टी को अखिलेश यादव की लोकप्रियता का भय है।

वीरेन्द्र यादव एडवोकेट ने कहा कि अखिलेश यादव डॉ. राम मनोहर लोहिया और मुलायम सिंह यादव की नीतियों के ध्वजवाहक हैं। समाजवादी पार्टी हमेशा “जाति तोड़ो, समाज जोड़ो” के सिद्धांत पर चलती रही है तथा लोकसभा, राज्यसभा, विधानसभा, विधान परिषद और पार्टी संगठन में सभी जातियों, वर्गों और धर्मों को सम्मान दिया है।
उन्होंने उत्तर प्रदेश की डबल इंजन सरकार पर बेरोजगारी, महंगाई, भ्रष्टाचार, किसानों की आर्थिक स्थिति, व्यापारियों की समस्याओं, महिलाओं के साथ बढ़ती आपराधिक घटनाओं तथा दलितों, शोषितों, अल्पसंख्यकों और पिछड़ों पर अत्याचार जैसे मुद्दों पर विफल रहने का आरोप लगाया।
वीरेन्द्र यादव एडवोकेट ने मामले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि भविष्य में ऐसी घटना दोहराई गई तो समाजवादी पार्टी गाजियाबाद बड़ा आंदोलन करने के लिए तैयार रहेगी।

