श्री सुल्लामल रामलीला में रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतलों का दहन

सांसद अतुल गर्ग बोले—अपने भीतर के अहंकार रूपी रावण का करें अंत

यूपी – गाजियाबाद। श्री सुल्लामल रामलीला में मंगलवार, 20 अक्टूबर को अहिरावण वध के बाद रावण वध की लीला का मंचन किया गया। इसके बाद रावण, कुंभकरण और मेघनाथ के पुतलों का दहन किया गया। पुतलों के जलते ही रामलीला मैदान जय श्रीराम और जय बजरंगबली के उद्घोष से गूंज उठा।

लीला के दौरान रावण स्वयं रणभूमि में पहुंचता है। विभीषण श्रीराम को बताते हैं कि रावण की नाभि में अमृत है। इसके बाद श्रीराम नाभि पर बाण चलाकर रावण का वध कर देते हैं। रावण के अंत के साथ ही बुराई पर अच्छाई की जीत का संदेश दिया गया।

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि सांसद अतुल गर्ग ने कहा कि सभी को अपने अंदर के अहंकार रूपी रावण का अंत करना चाहिए। प्रभु श्रीराम के चरित्र और आदर्शों को अपने जीवन में उतारने की आवश्यकता है।

इस अवसर पर अध्यक्ष अजय बंसल, नरेश अग्रवाल, सुधीर गोयल मोनू, संजीव मित्तल, रविंद्र मित्तल, प्रदीप मित्तल, वीरेंद्र कुमार वीरो, उस्ताद अशोक गोयल, दिनेश शर्मा बब्बे, शिव ओम बंसल, आलोक गर्ग, ज्ञान प्रकाश गोयल, सुभाष गुप्ता, सुबोध गुप्ता, राजेंद्र मित्तल मेंदी वाले, विनय सिंघल, सुधीर गोयल, सुंदर लाल, राघवेंद्र, पार्षद नीरज गोयल, मोहित मित्तल, नंदकिशोर शर्मा, विपिन मोहन गर्ग, सौरभ जायसवाल, विनेश गुप्ता, विपिन कंसल, उमेश गर्ग, अतुल गुप्ता, विजय मोहन, अशोक शर्मा, राकेश स्वामी, विनोद गोयल, राजेश बंसल, राजीव शर्मा और संजीव गोयल सहित अन्य लोगों का विशेष सहयोग रहा।