यूपी – गाजियाबाद हाइटेक सिटी वेब सिटी और सनसिटी बिल्डरों के खिलाफ पिछले 15 दिनों से किसान संगठन धरना दिया जा रहा है। जिसमें किसानों का आरोप है कि जीडीए और प्रशासन बिल्डर को लाभ पहुंचाने के लिए सहयोग कर रहे हैं। जबकि उनका मामला हाईकोर्ट में विचाराधीन है।
भारतीय किसान संगठन के जिला अध्यक्ष लोकेश नागर ने पत्रकार वार्ता के दौरान जानकारी देते हुए बताया कि बिल्डरों की मनमानी के विरोध में तथा जीडीए एवं प्रशासन द्वारा कोई कार्यवाही ना करने पर पिछले 15 दिनों से किसान अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं और धरना स्थल पर जीडीए का कोई भी अधिकारी किसानों की सुध लेने नहीं पहुंचा है इस बात से किसानों में आक्रोश है और किसानों ने आगामी 25 मार्च को महापंचायत करने का निर्णय लिया। उन्होंने बताया कि 18 गांव के किसान महापंचायत में भाग लेंगे वहीं संयुक्त किसान मोर्चा के बड़े पदाधिकारी प्रदेश को देश के विभिन्न भागों से आकर किसानों को संबोधित करेंगे तथा किसानों के हित के लिए आगामी योजना तैयार की जाएगी। उन्होंने बताया कि किसानों की फसलों को उजाड़ने का काम बिल्डर कर रहे हैं और जबरन कब्जा भी कर रहे हैं जबकि धरने पर बैठे किसानों ने एक बार भी मुआवजा नहीं लिया है और अधिकरण तथा मुआवजे के प्रकरण पर हाई कोर्ट में मुकदमा दायर किया हुआ है। जब किसानों का मामला हाई कोर्ट में विचाराधीन है तो उस पर जीडीए और प्रशासन तथा बिल्डर जबरन कार्रवाई करना गैरकानूनी है। प्रेस वार्ता में एडवोकेट रूपम यादव, जिला संगठन मंत्री गौरव नागर, जिला उपाध्यक्ष निखिल वर्मा, नितिन प्रधान, मोहित प्रधान, प्रमोद सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
