यूपी – गाजियाबाद। कविनगर स्थित ब्रह्माकुमारी आश्रम में महाशिवरात्रि पर्व श्रद्धा और आध्यात्मिक उत्साह के साथ मनाया गया। राजयोगिनी ब्रह्माकुमारी सुतीश दीदी ने कहा कि महाशिवरात्रि केवल पूजा का दिन नहीं, बल्कि अज्ञानरूपी अंधकार में परमात्मा शिव के दिव्य अवतरण का प्रतीक है। उन्होंने बताया कि ‘शिव’ का अर्थ कल्याणकारी और ‘रात्रि’ अज्ञान का समय है, जब परमपिता आत्माओं को ज्ञान देकर विकारों से मुक्त करते हैं।

राजयोगिनी ब्रह्माकुमारी राजेश दीदी ने शिवलिंग पर जल चढ़ाने को बुद्धि की पवित्रता और आत्मिक जागरण का प्रतीक बताया। राजयोगिनी ब्रह्माकुमारी गुंजन दीदी ने कहा कि व्रत और जागरण का अर्थ मन को विकारों से दूर रख परमात्मा के ज्ञान में स्थिर करना है।
मुख्य अतिथि कृष्ण वीर चौधरी, सदस्य उच्च स्तरीय समिति एमएसपी भारत सरकार, ने शुभकामनाएं देते हुए आश्रम की विश्व सेवा की सराहना की। विशिष्ट अतिथि पार्षद राजेंद्र तीतोरिया ने भी शुभकामनाएं दीं। ब्रह्माकुमारी देवना दीदी ने अतिथियों का स्वागत किया। मंच संचालन विनीत शर्मा ने किया।
कार्यक्रम में बीके अजय भाई, बीके सुभाष भाई, बीके प्रदीप भाई, बीके रामपाल भाई, बीके सचिन भाई, बीके मनोज भाई, बीके चेतन भाई, कुमकुम बहन, छाया बहन, अनामिका बहन, प्रीति बहन, राजीव भाई, पूजा बहन, मिथलेश बहन, मुकेश शर्मा, मनोज सिंह, धीरज भाई, भगवती माता, राकेश माता, विनय भाई, सुरेश भाई, रमा शंकर भाई सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।







