यूपी – गाजियाबाद। मकर संक्रांति के पावन अवसर पर श्री सुल्लामल रामलीला कमेटी की ओर से रामलीला मैदान में भव्य प्रसाद वितरण कार्यक्रम एवं पतंग महोत्सव का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बच्चों, युवाओं और बुजुर्गों ने समान उत्साह के साथ भाग लिया। 5 वर्ष से लेकर 80 वर्ष तक की आयु के लोगों ने पतंग उड़ाकर पर्व का आनंद लिया, वहीं बुजुर्गों ने पतंग उड़ाते हुए अपने बचपन की यादें ताजा कीं।
कार्यक्रम में सांसद अतुल गर्ग ने भी सहभागिता की और स्वयं पतंग उड़ाकर एक पतंग काटते हुए उपस्थित लोगों का उत्साह बढ़ाया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि मकर संक्रांति सनातन संस्कृति का अत्यंत पावन पर्व है, जो सूर्य उपासना, प्रकृति और मानव जीवन के बीच संतुलन का प्रतीक है। यह पर्व देश के विभिन्न हिस्सों में अलग-अलग नामों से मनाया जाता है।

रामलीला कमेटी के अध्यक्ष अजय बंसल ने मकर संक्रांति के धार्मिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इस दिन सूर्य देव अपने पुत्र शनिदेव से मिलने उनके घर जाते हैं। शनिदेव मकर राशि के स्वामी हैं, इसी कारण इस पर्व को मकर संक्रांति कहा जाता है। मान्यता के अनुसार इसी दिन गंगा भगीरथ के पीछे-पीछे चलते हुए कपिल मुनि के आश्रम से होकर सागर में समाहित हुई थीं।
कार्यक्रम के दौरान कमेटी के सभी सदस्यों ने एक साथ बैठकर बाजरे की खिचड़ी, कढ़ी, तिल के लड्डू और प्रसाद ग्रहण किया। रामलीला मैदान के मुख्य द्वार पर श्रद्धालुओं को प्रसाद वितरित किया गया।
पतंग महोत्सव के संयोजक पार्षद राजीव शर्मा रहे, जबकि पार्षद नीरज गोयल ने कार्यक्रम का सोशल मीडिया पर लाइव प्रसारण किया। कार्यक्रम में महासचिव नरेश प्रधान सहित संजीव मित्तल, सुधीर गोयल, मोनू, वीरेंद्र कुमार वीरो, उस्ताद अशोक गोयल, प्रदीप मित्तल, दिनेश शर्मा, अनिल चौधरी, ज्ञान प्रकाश गोयल, राघवेंद्र शर्मा, मोहित मित्तल, राजेश बंसल, नंदकिशोर शर्मा, राकेश स्वामी, सुभाष बजरंगी, संजीव लाहौरिया सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।






