यूपी – गाजियाबाद। अंकिता भंडारी हत्याकांड में सीबीआई जांच की मांग को लेकर यह आंदोलन अब उत्तराखंड से निकलकर देश के विभिन्न हिस्सों में तेज होता जा रहा है। इसी क्रम में शुक्रवार को गाजियाबाद के लोनी शहर में भारतीय किसान यूनियन (अनाज) के नेतृत्व में सैकड़ों लोगों ने कैंडल मार्च निकालकर अपना विरोध दर्ज कराया।
कैंडल मार्च संगम बिहार चौराहे से प्रारंभ होकर लक्ष्मी गार्डन के एबीसी मोहल्लों से होते हुए दिल्ली–सहारनपुर मुख्य मार्ग पर स्थित एसीपी अंकुर बिहार के कार्यालय पर पहुंचा। यहां प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपते हुए अंकिता भंडारी हत्याकांड की सीबीआई से निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। मार्च में महिलाओं, पुरुषों, युवाओं और बच्चों की बड़ी भागीदारी रही।
कैंडल मार्च के दौरान “अंकिता को न्याय दो”, “असली गुनहगारों को फांसी दो”, “सीबीआई जांच करो”, “सच्चाई सामने लाओ” जैसे नारों से माहौल गूंजता रहा। मार्च का नेतृत्व भारतीय किसान यूनियन (अनाज) के राष्ट्रीय अध्यक्ष पं. सचिन शर्मा ने किया। उन्होंने कहा कि इस हत्याकांड में शुरू से ही पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठते रहे हैं। अब जब कुछ सफेदपोश लोगों के नाम सामने आए हैं, तो सरकार सीबीआई जांच की मांग को नजरअंदाज क्यों कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि दोषियों को बचाने का प्रयास किया जा रहा है।
सचिन शर्मा ने कहा कि लोनी की जनता अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने के लिए सीबीआई जांच की मांग का पुरजोर समर्थन करती है और इसी उद्देश्य से यह कैंडल मार्च आयोजित किया गया। कैंडल मार्च में संजय जोशी, कैलाश शर्मा, विमला देवी, हेमा देवी, चम्पा देवी, पुष्पा, कुन्ती, राधा, सरस्वती, इंद्रा, नन्दी, हीरा, सरोज जोशी, अजय पाल कश्यप, विक्की शर्मा, बंटी शर्मा, आकाश, फुरकान अली, आकिब, प्रेम, दीपक वर्मा, विनोद, पिंटू, अजय, विशाल, चेतन पाल, कार्तिक भाटी, लवीश प्रधान सहित बड़ी संख्या में लोग शामिल रहे।







