यूपी – गाजियाबाद। समाजवादी पार्टी कार्यालय आर.डी.सी. गाजियाबाद में 03 जनवरी 2025 को भारत में महिला शिक्षा की अलख जगाने वाली, देश की प्रथम महिला शिक्षिका और महान समाज सुधारक सावित्रीबाई फुले की जयंती श्रद्धा एवं सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर समाजवादी साथियों ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके संघर्षपूर्ण जीवन को याद किया।
कार्यक्रम में जिला अध्यक्ष फैसल हुसैन एडवोकेट ने अपने विचार व्यक्त करते हुए कहा कि सावित्रीबाई फुले भारत की पहली महिला शिक्षिका, समाज सुधारक और कवयित्री थीं। उन्होंने ज्योतिराव फुले के साथ मिलकर वर्ष 1848 में पुणे में पहला बालिका विद्यालय स्थापित किया और महिला शिक्षा व सामाजिक समानता के लिए आजीवन संघर्ष किया। उन्होंने विधवा पुनर्विवाह, बाल विवाह उन्मूलन और अस्पृश्यता के खिलाफ आंदोलन में अहम भूमिका निभाई और भारतीय नारीवाद की मजबूत नींव रखी। उन्होंने कहा कि आज हम जिस शिक्षा की रोशनी में आगे बढ़ रहे हैं, उसकी पहली मशाल सावित्रीबाई फुले ने जलाई थी।

महानगर अध्यक्ष वीरेंद्र यादव एडवोकेट ने अपने संबोधन में कहा कि जिस दौर में लड़कियों का स्कूल जाना पाप समझा जाता था, उस समय सावित्रीबाई फुले ने समाज की रूढ़ सोच को चुनौती दी। उन्होंने न केवल लड़कियों के लिए पहला विद्यालय खोला, बल्कि स्वयं शिक्षिका बनकर घर-घर शिक्षा का दीप जलाया। रास्ते में उन्हें अपमान, पत्थर और कीचड़ तक सहना पड़ा, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। उनका दृढ़ विश्वास था कि शिक्षा ही समाज परिवर्तन की सबसे बड़ी शक्ति है। आज उनकी जयंती पर हमें संकल्प लेना चाहिए कि शिक्षा को केवल डिग्री नहीं, बल्कि सामाजिक बदलाव का सशक्त माध्यम बनाएं।
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से जिला अध्यक्ष फैसल हुसैन एडवोकेट, महानगर अध्यक्ष वीरेंद्र यादव एडवोकेट, महानगर महासचिव राजन कश्यप, वरिष्ठ नेता रमेश यादव एडवोकेट, महानगर उपाध्यक्ष मनोज पंडित व नरेश बत्रा, पिछड़ा वर्ग प्रदेश सचिव ताहिर हुसैन, जिला सचिव कृष्ण कुमार यादव, सौदान गुर्जर, कृष्ण ढाकोलिया, बाबा साहब वाहिनी जिला अध्यक्ष संदीप प्रधान, प्रदेश सचिव पूनम सिंह, नवीन कुमार शर्मा, राहुल चौहान, बाबा साहब वाहिनी जिला महासचिव सुभाष सिंह एडवोकेट, रिजवान चौधरी, छोटू चौहान, दिनेश सिंह, राहुल रावत और कार्यालय प्रभारी सहित अनेक कार्यकर्ता उपस्थित रहे।







