यूपी – गाजियाबाद विकास प्राधिकरण द्वारा शहर के सुनियोजित और दीर्घकालिक शहरी विकास की दिशा में हरनंदीपुरम टाउनशिप योजना को एक महत्वपूर्ण कदम के रूप में आगे बढ़ाया जा रहा है। प्राधिकरण सभागार में आयोजित बैठक के दौरान चयनित कंसल्टेंट द्वारा हरनंदीपुरम टाउनशिप को लेकर विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया।
बैठक में गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष नंद किशोर कलाल ने कहा कि दिल्ली सीमा से सटा गाजियाबाद उत्तर प्रदेश का प्रमुख प्रवेश द्वार है और आने वाले समय में यह क्षेत्र व्यापक एवं सकारात्मक शहरी परिवर्तन का साक्षी बनेगा। उन्होंने बताया कि प्राधिकरण द्वारा शहर के विकास को योजनाबद्ध और चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि प्राधिकरण का मुख्य फोकस एक मजबूत लैंड बैंक विकसित करने पर है, ताकि भविष्य की आवासीय, व्यावसायिक और आधारभूत आवश्यकताओं को समय रहते पूरा किया जा सके। इसी क्रम में हरनंदीपुरम टाउनशिप योजना को तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है। इस टाउनशिप के लिए लगभग 535 हेक्टेयर भूमि का विकास प्रस्तावित है, जिसे दो चरणों में पूरा किया जाएगा। प्रथम चरण में 336 हेक्टेयर भूमि प्रस्तावित है, जिसमें से अब तक 55 हेक्टेयर भूमि का बैनामा प्राधिकरण के पक्ष में संपन्न हो चुका है, जबकि 115 हेक्टेयर भूमि पर किसानों से सहमति बन चुकी है।
भूमि क्रय प्रक्रिया को गति देने के लिए सेवानिवृत्त अधिकारियों की सेवाएं लेने का निर्णय लिया गया है। किसानों से संवाद को पारदर्शी और सरल बनाने के लिए एक समर्पित वेबसाइट भी शुरू की गई है। शीघ्र ही 100 से 120 हेक्टेयर भूमि के बैनामे पूरे होने की संभावना जताई गई।
बैठक में कंसल्टेंट द्वारा प्रस्तुत डिटेल प्लानिंग में सुव्यवस्थित आवासीय क्षेत्र, व्यावसायिक जोन, शैक्षणिक व स्वास्थ्य सुविधाएं, हरित क्षेत्र, पार्क, ओपन स्पेस, आधुनिक सड़क नेटवर्क और बेहतर ट्रैफिक प्रबंधन को शामिल किया गया। संबंधित विभागों के अधिकारियों से सुझाव भी लिए गए।
बताया गया कि सेटेलाइट और टोपोग्राफिकल सर्वे सहित प्रथम चरण का लेआउट अगले तीन से चार महीनों में तैयार कर लिया जाएगा, जिसके बाद विकास कार्य शुरू होंगे। हरनंदीपुरम टाउनशिप को एक आधुनिक, आत्मनिर्भर और समग्र शहरी क्षेत्र के रूप में विकसित किया जाएगा।







