मधुबनी और पिपरा सीटों पर भाजपा प्रत्याशियों की ऐतिहासिक जीत
बिहार – लखनऊ/बिहार, विधानसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश सरकार के स्वतंत्र प्रभार राज्य मंत्री नरेंद्र कुमार कश्यप का लगभग डेढ़ माह का चुनावी प्रवास भाजपा–एनडीए के लिए अत्यंत प्रभावशाली सिद्ध हुआ। कश्यप मधुबनी और पिपरा विधानसभा क्षेत्रों में निरंतर जमीन पर सक्रिय रहे, जहाँ दोनों ही सीटों पर भाजपा प्रत्याशियों ने बड़ी और ऐतिहासिक जीत दर्ज की।
कश्यप ने छोटे स्तर की चौपाल बैठकों से लेकर विशाल जनसभाओं तक हर स्तर पर संगठन की रणनीति को मजबूती दी। वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ, भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जे.पी. नड्डा, बिहार के स्टार प्रचारक पवन सिंह सहित दो दर्जन से अधिक प्रमुख नेताओं की रैलियों में सक्रिय रूप से शामिल रहे। प्रचार, प्रबंधन और बूथ संचालन—तीनों मोर्चों पर उन्होंने सशक्त नेतृत्व दिखाया।
इस बार बिहार चुनाव विकास बनाम जातीय समीकरण की जंग रहा। एनडीए ने कानून-व्यवस्था, सड़क–बिजली–पानी, रोजगार, महिला सशक्तिकरण और केंद्र की जनकल्याणकारी योजनाओं को व्यापक रूप से जनता के बीच रखा। कई सीटों पर पारंपरिक मुस्लिम–यादव समीकरण कमजोर पड़ा और पिछड़े वर्ग, युवा व महिला मतदाताओं ने बड़ी संख्या में एनडीए के पक्ष में मतदान किया। पीएम मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व पर जनता का मजबूत भरोसा विजय का प्रमुख कारण रहा।
“बिहार की जनता अब एनडीए के साथ दशकों तक रहेगी”—नरेंद्र कश्यप
कश्यप ने कहा कि बिहार ने जिस दृढ़ता से जंगलराज को समाप्त कर विकास के मार्ग को चुना है, वह आने वाले वर्षों में और मजबूत होगा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार को एक के बाद एक ऐतिहासिक सौगातें दी हैं, जिनका लाभ आने वाली पीढ़ियाँ भी याद रखेंगी।
जातीय राजनीति पर प्रतिक्रिया
कश्यप ने कहा कि बिहार की तरह उत्तर प्रदेश में भी जातीय समीकरणों की राजनीति प्रभावी नहीं रह जाएगी। अब जनता जाति नहीं, बल्कि शिक्षा, विकास और सुरक्षा को आधार बनाकर मतदान कर रही है।
बिहार की जनता के प्रति आभार
कश्यप ने बिहार की जनता को धन्यवाद देते हुए कहा कि उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के विकास रथ को आगे बढ़ाया है। उन्होंने कहा कि बिहार ने प्रचंड समर्थन देकर विकास की निरंतरता को चुना है।






