यूपी – गाजियाबाद, 5 नवंबर फ्लैट ओनर फेडरेशन गाजियाबाद के चेयरमैन कर्नल तेजेंद्र पाल त्यागी (वीर चक्र) ने जिलाधिकारी द्वारा गठित आरडब्ल्यूए (रेजिडेंट वेलफेयर एसोसिएशन) संबंधी समिति के गठन पर पुनर्विचार करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि समाचार पत्रों के माध्यम से ज्ञात हुआ है कि जिलाधिकारी ने एक समिति का गठन किया है, जिसमें नगर मजिस्ट्रेट (अध्यक्ष), संबंधित क्षेत्र के सहायक पुलिस आयुक्त, डिप्टी रजिस्ट्रार चिट फंड्स एंड सोसाइटीज तथा थाना प्रभारी को सदस्य बनाया गया है।
कर्नल त्यागी ने कहा कि समिति में फ्लैट ओनर फेडरेशन गाजियाबाद के प्रतिनिधि को शामिल किया जाना चाहिए था, क्योंकि फेडरेशन ही शहर की विभिन्न सोसायटियों और उनके निवासियों की वास्तविक समस्याओं से प्रत्यक्ष रूप से जुड़ा हुआ है। उन्होंने यूपी अपार्टमेंट मॉडल बायलॉज की धारा 48 का हवाला देते हुए कहा कि इस धारा के अनुसार प्रत्येक अपार्टमेंट ओनर्स एसोसिएशन को फेडरेशन का सदस्य होना चाहिए और उसके निर्देशों का पालन करना अनिवार्य है।
त्यागी ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यदि फेडरेशन के दिशा-निर्देश और जिलाधिकारी की समिति के दिशा-निर्देशों में मतभेद हुआ, तो इससे समस्याओं के समाधान के बजाय नई जटिलताएं उत्पन्न होंगी। उन्होंने कहा कि सरकारी योजनाएं अक्सर इसलिए पूरी तरह सफल नहीं हो पातीं क्योंकि उनमें उन लोगों को शामिल नहीं किया जाता जिनके लिए वे बनाई जाती हैं।
अंत में, कर्नल त्यागी ने जिलाधिकारी से आग्रह किया कि फेडरेशन के प्रतिनिधि को समिति में शामिल कर लोकतांत्रिक सहभागिता और पारदर्शिता को सुनिश्चित किया जाए।







